June 19, 2024
एनएसई घोटाला

एनएसई घोटाला: आनंद सुब्रमण्यम ने ही बनाई थी, ‘अज्ञात योगी’ की ईमेल आईडी

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एनएसई घोटाला की सीबीआई जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, इससे जुडी परतें खुलती जा रही हैं। सीबीआई ने शुक्रवार को दावा किया है कि एनएसई की पूर्व एमडी और सीईओ चित्रा राम कृष्ण द्वारा एक ‘अज्ञात योगी’ (हिमालयन योगी) से बात करने के लिए जिस ई-मेल आईडी का इस्तेमाल किया गया था, कथित तौर पर उस आईडी को उनके अपने पसंदीदा ग्रुप ऑपरेटिंग ऑफिसर आनंद सुब्रमण्यम ने बनाया था।

एनएसई घोटाला, जिसमें ‘अज्ञात योगी’ के एंगल ने सभी को हैरान कर दिया है। एनएसई फोरेंसिक ऑडिट में आनंद सुब्रमण्यम को कथित तौर पर ‘हिमालयन योगी’ बताया गया था, लेकिन बाजार नियामक सेबी ने अपनी नवीनतम रिपोर्ट में आनंद सुब्रमण्यम के ‘योगी’ होने से इनकार किया था। सीबीआई ने भी तब अपनी प्रारंभिक जांच में सुब्रमण्यम के ‘योगी’ होने का संदेह जताया था।

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एनएसई घोटाला जिसमे सीबीआई अब आनंद सुब्रमण्यम और चित्रा राम कृष्ण की सेशेल्स यात्रा की जांच कर रही है। सेशेल्स को टैक्स हेवन माना जाता है। चित्रा राम कृष्ण और ‘हिमालयन योगी’ के बीच एक ई-मेल पर हुई बात चीत में उनकी सेशेल्स यात्रा का ज़िक्र है।

इसके अलावा, सीबीआई अब इस बात की भी जांच कर रही है कि क्या ‘अज्ञात योगी’ की ईमेल आईडी ‘rigyajursama@outlook.com’ का इस्तेमाल खुद आनंद सुब्रमण्यम कर रहे थे या कोई और चित्रा राम कृष्ण से बात कर रहा था। सीबीआई ने आनंद सुब्रमण्यम और चित्रा राम कृष्ण को एक अन्य एनएसई घोटाले में भी गिरफ्तार किया है।

बाजार नियामक सीबी ने एनएसई घोटाले को लेकर अपने 7 फरवरी के आदेश में कहा था कि एनएसई की तत्कालीन सीईओ और एमडी चित्रा राम कृष्ण किसी अज्ञात योगी के इशारे पर सारे फैसले ले रही थीं। पूछताछ के दौरान जब सेबी ने चित्रा से योगी के बारे में पूछा तो एनएसई के पूर्व सीईओ ने कहा था कि वह हिमालय में घूमने वाली आध्यात्मिक शक्ति हैं। चित्रा ने कहा था कि योगी का अपना कोई शरीर नहीं है और वह जहां चाहे वहां प्रकट हो सकता है।